15 Quotes / Sadhguru Hindi / Part 79

  • भारत हज़ारों सालों से इस धरती की सबसे जीवंत और रंगीली सभ्यता रहा है। आइए, हम इसे फिर से समृद्ध बनाएँ, क्योंकि यह केवल एक देश ही नहीं है, बल्कि इस दुनिया के लिए एक खजाना है।

  • जब आप मन की क्षुद्रता से आजाद हो जाते हैं, तब बिना भेदभाव के प्रेम और समावेश की भावना पैदा होती है।

  • जब आप अपने काम के प्रति पूरी तरह से प्रतिबद्ध होते हैं, सिर्फ तभी आप दुनिया में कुछ अर्थपूर्ण कर सकते हैं।

  • ये पूरा अस्तित्व और आपका विचार – सब कुछ एक स्पंदन है। अगर आप एक शक्तिशाली विचार पैदा करके उसे बाहर जाने देते हैं, तो यह खुद को साकार कर लेगा।

  • आज के दिन, आप खुद को और हर किसी को एक नई शुरुआत करने दें। अपने निष्कर्षों को किनारे रख दें और अपने जीवन के सभी कामों में, और आध्यात्मिक प्रक्रिया में भी, एक नई कोशिश शुरू करें।

  • नश्व्रता हमारे अस्तित्व की मौलिक सच्चाेई है।

  • डर, गुस्सा, नाराजगी, और तनाव वो जहर है जो आप अपने मन में पैदा करते हैं। अगर आप अपने मन की बागडोर अपने हाथ में ले लें, तो आप आनंद का रसायन पैदा कर सकते हैं।

  • प्रश्नर एक ऐसा साधन है, जो आपको गहराई में खोजने में मदद करता है।

  • प्रेम समस्याएं हल कर सकता है, करुणा समस्याएं हल कर सकती है, और सबसे बढ़कर, समझदारी समस्याएं हल कर सकती है।

  • योग में आप कभी किसी अनुभव के पीछे नहीं भागते – आप उसके लिए सिर्फ तैयारी करते हैं।

  • अपने जीवन के हर पल में, आप शरीर, मन, भावना और ऊर्जा के स्तैर पर काम करते हैं। हर काम की एक विशेष मेमोरी व स्मृति बनती है। यही स्मृति कर्म है।

  • जीवन हरदम एक प्रवाह में है। आप चाहे जो भी धारणा बना लें, आप गलत ही साबित होंगे।

  • अगर आपके विश्राम की क्वालिटी अच्छी नहीं है, तो आपका काम भी अच्छी क्वालिटी का नहीं होगा।

  • युवा होने का मतलब है कि आपके लिए संभावनाएं पूरी तरह से खुली हुई हैं। मेरे विचार से हर इंसान को जीवनभर वैसे ही रहना चाहिए – हर वक्तह जानने और खोजने को तत्पंर।

  • सफाई करने का यही समय है। सफाई का मतलब है सारी गैरजरूरी चीजों से छुटकारा पाना – न सिर्फ अपने घर की चीजों से, बल्कि अपने मन की, भावनाओं की, शरीर की, और चेतना की भी।

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