15 quotes / Sri Sri Ravishankar Hindi / Part 16

  1. “प्यार का रास्ता कोई उबाऊ रास्ता नही है. बल्कि ये तो मस्ती का मार्ग है. ये गाने का और नाचने का सबसे अच्छा मार्ग है.”

  2. “अस्वीकृति का मतलब अपने आप में ही सिमित रहना है.”

  3. “दूसरो की सुने, फिर भी न सुने. अगर तुम्हारा दिमाग उनकी समस्याओ में उलझ जायेंगा, तो ना सिर्फ वो दुखी होंगे, बल्कि तुम भी दुखी हो जाओंगे.”

  4. ““आज” भगवान का दिया हुआ एक उपहार है – इसलिए इसे “गिफ्ट” कहते है.”

  5. “हमेशा आराम की चाहत में, तुम आलसी हो जाते हो. हमेशा पूर्णता की चाहत में पुम क्रोधित हो जाते हो. हमेशा अमीर बनने की चाहत में तुम लालची हो जाते हो.”

  6. “कार्य करना और आराम करना जीवन के दो मुख्य अंग है. इनमे संतुलन स्थापित करने के लिए अपनी योग्यता का उपयोग करना चाहिये.

  7. “जीवन ऐसा कुछ नही है जिसके प्रति गंभीर रहा जाये. जीवन तुम्हारे हाथो में खेलने के लिए दी गयी एक गेंद के समान है. गेंद को कभी पकडे मत रखो.”

  8. “यदि आप खुद के दिमाग पर काबू पा सकते हो, तो आपमें पूरी दुनिया को जितने की काबिलियत है.”

  9. “बुद्धिमान वह है जो औरो की गलती से सीखता है. थोडा कम बुद्धिमान वह है जो सिर्फ अपनी गलती से सीखता है. मुर्ख एक ही गलती बार-बार दोहराते रहते है और उनसे कभी नही सीखते.”

  10. “ज्ञान बोझ है यदि वह आपके भोलेपन को छीनता है.

  11. ज्ञान बोझ है यदि वह आपके जीवन में एकीकृत नही है.

  12. ज्ञान बोझ है यदि वह प्रसन्नता नही लाता.

  13. ज्ञान बोझ है यदि वह आपको यह विचार देता है की आप बुद्धिमान है.

  14. ज्ञान बोझ है यदि वह आपको स्वतंत्र नही करता.

  15. ज्ञान बोझ है यदि वह आपको ये प्रतीत कराता है की आप विशेष है.”

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